
राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) अजमेर में आज सुबह करीब 11 बजे भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) जयपुर की टीम पहुंची। ACB टीम कुमार विश्वास की पत्नी RPSC मेंबर मंजू शर्मा से पूछताछ कर रही है। टीम इससे पहले मंगलवार को पूर्व सीएस निरंजन आर्य की पत्नी डॉ. संगीता आर्य के घर पहुंचकर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (EO) भर्ती और कांग्रेस नेता गोपाल केसावत के बारे में पूछताछ की थी।
बता दें कि मंगलवार को भी जयपुर एसीबी की टीम ने आरपीएससी की मेंबर डॉक्टर संगीता आर्य के सरकारी निवास पर पहुंचकर सर्च किया था। पूछताछ के दौरान आरपीएससी सदस्य संगीता आर्य के पति रिटायर्ड आईएएस निरंजन आर्य भी मौजूद थे। जयपुर एसीबी की टीम एडिशनल एसपी सुरेंद्र सिंह राठौड़ के निर्देश में अजमेर पहुंची थी।
ये है मामला
सीकर एसीबी को दो परिवादियों से 7 जुलाई को शिकायत मिली थी कि दो अभ्यर्थियों को EO भर्ती मेरिट में लाने के लिए आरोपी अनिल कुमार ने 40-40 लाख रुपए मांगे। इसमें 25 लाख रुपए पहले और बचे 15 लाख रुपए काम होने के बाद देने की बात कही गई थी। दलालों और पीड़ितों के बीच 25 लाख रुपए में बात बनी। शिकायत सही पाए जाने के बाद बाद सीकर टीम के साथ जयपुर की टीम भी सक्रिय हो गई।
एसीबी ने 18.50 लाख रुपए रिश्वत लेते सीकर में दलाल अनिल कुमार और ब्रह्मप्रकाश को रंगे हाथों पकड़ा। गोपाल केसावत को भी पैसे पहुंचने थे। पीड़ित ने अन्य दलाल रविन्द्र शर्मा को 7.50 लाख रुपए निकालकर दिए। वह 15 जुलाई को जयपुर के प्रताप नगर स्थित केसावत के घर ये रुपए देने पहुंचा था। दोनों को एसीबी ने पकड़ लिया। केसावत ने मंजू शर्मा के नाम से रुपए मांगे थे।
आरपीएससी में चल रहा इंटरव्यू
RPSC में कनिष्ठ विधि अधिकारी प्रतियोगी परीक्षा 2023 एवं पशु चिकित्सा अधिकारी भर्ती परीक्षा 2019 के इंटरव्यू चल रहे हैं। आयोग में वर्तमान में 7 सदस्य हैं सभी सदस्य इंटरव्यू बोर्ड में शामिल हैं। आयोग सदस्य मंजू शर्मा से एसीबी की टीम गोपाल केसावत प्रकरण में पूछताछ करने आयोग पहुंची है। लंच से पूर्व डॉक्टर मंजू शर्मा को इंटरव्यू बोर्ड में शामिल नहीं किया गया है। लंच के बाद वह इंटरव्यू बोर्ड में शामिल होंगी।
यह है मामला
सीकर एसीबी को दो परिवादियों से 7 जुलाई 2023 को शिकायत दी थी। शिकायत में बताया था कि दो अभ्यर्थियों को EO भर्ती मेरिट में लाने के लिए आरोपी अनिल कुमार ने 40-40 लाख रुपए मांगे। इसमें 25 लाख रुपए पहले और बचे 15 लाख रुपए काम होने के बाद देने की बात कही गई। दलालों और पीड़ितों के बीच 25 लाख रुपए में बात बनी। शिकायत सही पाए जाने के बाद बाद सीकर टीम के साथ जयपुर की टीम भी सक्रिय हो गई।
एसीबी ने 18.50 लाख रुपए रिश्वत लेते सीकर में दलाल अनिल कुमार और ब्रह्मप्रकाश को रंगे हाथों पकड़ा था। गोपाल केसावत को भी पैसे पहुंचने थे। पीड़ित ने अन्य दलाल रविन्द्र शर्मा को 7.50 लाख रुपए निकालकर दिए। वह 15 जुलाई को जयपुर के प्रताप नगर स्थित केसावत के घर ये रुपए देने पहुंचा था। ऐसे दोनों को एसीबी ने पकड़ लिया। एडिशनल एसपी सुरेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया कि विकास कुमार ने मुकदमा दर्ज करवाया था। शिकायतकर्ता की ओर से EO एग्जाम दिया गया था। इसी मामले में दोनों आरपीएससी मेंबर से पूछताछ की जा रही है। दोनों आरपीएससी मेंबर्स के नाम शिकायत में भी दिए थे।