हिंडनबर्ग की रिपोर्ट
अमेरिका की शॉर्ट-सेलिंग कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च ने पिछले साल जनवरी में अडानी ग्रुप के बारे में एक रिपोर्ट जारी की थी। इसमें ग्रुप पर शेयरों की कीमत में छेड़छाड़ करने और अकाउंटिंग में धोखाधड़ी के आरोप लगाए थे। इस कारण अडानी एंटरप्राइजेज को अपना 20,000 करोड़ रुपये का एफपीओ वापस लेना पड़ा था। हालांकि अडानी ग्रुप ने इन आरोपों का खंडन किया था लेकिन इसके कारण उसके शेयरों में भारी गिरावट आई थी। ग्रुप के मार्केट कैप में भारी गिरावट आई थी। लेकिन उसके बाद से ग्रुप के शेयरों में काफी तेजी आई है और उसके कम से कम पांच शेयर हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आने से पहले के स्तर पर ट्रेड कर रहे हैं।