व्लादिमीर पुतिन के दिल्ली दौरे से पहले रूसी संसद का बड़ा फैसला, दोस्त भारत से सैन्य समझौते पर लगेगी मुहर, क्यों है खास

Updated on 29-11-2025 12:49 PM
मॉस्को: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अगले महीने दो दिन के भारत दौरे पर आएंगे। पुतिन राजकीय दौरे पर 4-5 दिसंबर को भारत आएंगे। इस दौरान वे 23वें भारत-रूस वार्षिक सम्मेलन में शामिल होंगे। इस दौरान व्लामीदर पुतिन की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी मुलाकात होगी। पुतिन के दिल्ली के इस अहम दौरे से पहले रूस की संसद (स्टेट डूमा) ने एक अहम सैन्य समझौते की पुष्टि का ऐलान किया है।

रूस की संसद व्लादिमीर पुतिन के दिल्ली आने से पहले भारत के साथ एक जरूरी मिलिट्री समझौते को मंजूरी देने जा रही है। दरअसल इस साल फरवरी में 2025 को भारत और रूस के बीच रेसिप्रोकल एक्सचेंज ऑफ लॉजिस्टिक्स एग्रीमेंट (RELOS) हुआ था। यह एग्रीमेंट स्ट्रेटेजि मिलिट्री कोऑपरेशन बढ़ाने के लिए है। इस समझौते को अब रूसी संसद की मंजूरी मिल जाएगी, जिससे दोनों देशों के रक्षा संबंधो में बड़ा फायदा होगा।

क्यों खास है समझौता

मॉस्को में भारत के राजदूत विनय कुमार और रूस के तत्कालीन उप रक्षा मंत्री अलेक्जेंडर फोमिन ने सैन्य सहयोग को गहरा करने के उद्देश्य से फरवरी में RELOS पर हस्ताक्षर किए थे। रूस की सरकारी समाचार एजेंसी तास के अनुसार, स्टेट डूमा ने RELOS दस्तावेज को अपलोड किया है। रूसी सरकार का मानना है कि इससे दोनों देशों में सैन्य क्षेत्र में सहयोग मजबूत होगा।RELOS समझौते का उद्देश्य संयुक्त सैन्य अभ्यास, आपदा राहत और अन्य अभियानों के लिए समन्वय प्रक्रिया को आसान बनाना है। इससे सैन्य अभ्यास और आपदा राहत अभियान समेत संयुक्त गतिविधियों के लिए प्रक्रियाएं सरल करके सैन्य सहयोग को और सुदृढ़ किया जा सकेगा।

बेहतर होंगे रिश्ते

इस समझौते के बाद भारतीय नौसेना के युद्धपोत तथा विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रमादित्य रूसी नौसैनिक अड्डों का उपयोग कर सकेंगे। इसी प्रकार रूसी नौसेना भारतीय सुविधाओं का उपयोग करके हिंद-प्रशांत महासागर क्षेत्र में अपनी उपस्थिति मजबूत कर सकेगी।

भारत और रूस के बीच घनिष्ठ संबंध है। दोनों देशों ने जरूरत पड़ने पर हमेशा एक-दूसरे का समर्थन किया है। ऐसे में व्लादिमीर पुतिन का भारत का राजकीय दौरा कई मायनों में खास है। यह दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों, खासतौर से स्पेशल एंड प्रिविलेज्ड स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप को मजबूत करने की राह तय करेगा।
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