ट्रंप का भारत संग धोखा या आतंकियों पर बड़ी गलती? वाइट हाउस के पैनल में लश्कर कैंप में रहे जिहादियों की नियुक्ति पर बवाल

Updated on 19-05-2025 01:20 PM
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस्माइल रॉयर और शेख हमजा यूसुफ को धार्मिक स्वतंत्रता आयोग के तहत वाइट हाउस के नवगठित सलाहकार बोर्ड में नियुक्ति दी है। ट्रंप प्रशासन के शुक्रवार को लिए इस फैसले की जानकारी सामने आते ही विवाद खड़ा हो गया है, इसकी वजह इस्माइल और हमजा का विवादित इतिहास है। इस्माइल आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के कैंप में ट्रेनिंग ले चुका है। वहीं दूसरे सदस्य यूसुफ पर भी आतंकी समूहों से संबंध रखने के आरोप रहे है। ऐसे में इस्माइल रॉयर और शैख हमजा युसुफ को वाइट हाउस पैनल में शामिल करने से अमेरिकियों में गुस्सा है। यहां तक कि ट्रंप के करीबी सहयोगियों ने भी इस फैसले की आलोचना करते हुए आतंक के मुद्दे पर इसे अमेरिकी राष्ट्रपति का 'ब्लंडर' कहा है।

ट्रंप से जुड़े धार्मिक स्वतंत्रता पैनल में शामिल किए गए इस्माइल रॉयर के पाकिस्तान में सक्रिय लश्कर-ए-तैयबा से साल 2000 में ट्रेनिंग ले चुका है और कश्मीर में भारत के खिलाफ आतंक फैलाने का आरोपी है। पूर्व जिहादी कहलाने वाला रॉयर आतंकवाद से संबंधित आरोपों में 13 साल तक जेल की सजा काट चुका है। साल 2003 में रॉयर पर अमेरिका में आंतकवाद फैलाने के आरोप लगे। उस पर अल-कायदा से जुड़े होने का भी केस रहा है। इस्माइल को 2004 में 20 साल की सजा सुनाई गई लेकिन 13 साल बाद उसे रिहा कर दिया गया।

मुरीदके में रहा था इस्माइल

ईटी की रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2001 में इस्माइल रॉयर और शेख हमजा की जोड़ी ने ट्रेनिंग के लिए पाकिस्तान के मुरीदके की यात्रा की थी। मुरीदके भारत के हालिया ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भी भारतीय सेना के निशाने पर रहा था। मुरीदके आतंक के ट्रेनिंग कैंप के लिए दुनियाभर में बदनाम रहा है। यहां ट्रेनिंग पाए आतंकी भारत को निशाना बनाते रहे हैं।

अमेरिकी न्याय विभाग के अभियोग के अनुसार, ये दोनों अन्य लोगों के साथ वर्जीनिया जिहादी नेटवर्क का हिस्सा रहे थे, जिसे 9/11 के हमलों के बाद यूएस फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन ने भंडाफोड़ किया था। लश्कर-ए-तैयबा भारत और अमेरिका में प्रतिबंधित गुट है। यह संगठन 26/11 के मुंबई हमलों में शामिल रहा है। ऐसे में भारतीयों के बीच भी ट्रंप के इस फैसले से नाराजगी है। भारतीय इसे ट्रंप के धोखे की तरह देख रहे हैं।
Advt.

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 19 March 2026
तेहरान: अमेरिका-इजरायल और ईरान की जंग के बीच आज किसी चीज की सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है, तो वह है होर्मुज जलडमरूमध्य है। इसे स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait Of Hormuz)…
 19 March 2026
तेहरान/दोहा: इजरायल ने बुधवार को ईरान स्थित दुनिया के सबसे बड़े गैस फील्ड पर हमला हमला किया है। साउथ पार्स गैस फील्ड पर हमले से बौखलाए ईरान ने खाड़ी क्षेत्र के…
 19 March 2026
वॉशिंगटन: भारत और पाकिस्तान के बीच परमाणु संघर्ष का खतरा वास्तविक है और दोनों के बीच तनावपूर्ण संबंधों के चलते यह बना हुआ है। अमेरिकी सीनेट में बुधवार को पेश ‘यूएस…
 19 March 2026
न्यूयॉर्क : अमेरिका में युद्ध कभी सिर्फ विदेश नीति नहीं होता, यह हमेशा घरेलू राजनीति में बदल जाता है। ईरान पर हमला करने से पहले डोनाल्ड ट्रंप ने कांग्रेस की औपचारिक…
 19 March 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मध्य पूर्व में अपनी सैन्य मौजूदगी में भारी बढ़ोतरी की योजना पर विचार कर रहे हैं। इसमें हजारों अमेरिकी सैनिकों की तैनाती संभावित है। रॉयटर्स ने…
 19 March 2026
रियाद: सऊदी अरब ने कहा है कि ईरान की ओर से हो रहे हमलों का जवाब देने का उनकी सेना को हक है और वह इस तरफ बढ़ सकते हैं।…
 18 March 2026
वॉशिंगटन/तेहरान: अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट को जहाजों की आवाजाही के लिए सुनिश्चित करने के लिए मिशन स्टार्ट कर दिया है। कुछ घंटे पहले ही अमेरिकी सेना ने होर्मुज स्ट्रेट के तट…
 18 March 2026
तेहरान: ईरान के सबसे ताकतवर शख्स अली लारीजानी की इजरायल के हवाई हमले में मौत हो गई है। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने मंगलवार को इसकी पुष्टि कर दी…