
इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने गुरुवार को गाजा के एकमात्र होली फैमिली कैथोलिक चर्च में टैंक की गोलीबारी में तीन लोगों की मौत पर अफसोस जताया।
दरअसल, गुरुवार को गाजा के फैमिली कैथोलिक चर्च पर इजराइली टैंक से हमला हुआ, जिसमें तीन लोगों की मौत हो गई और दस अन्य घायल हुए, जिनमें एक पादरी भी शामिल हैं। हमला सुबह लगभग 10:30 बजे (स्थानीय समयानुसार) हुआ।
इस चर्च में सैकड़ों विस्थापित लोगों ने शरण ले रखी थी। नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से इसे लेकर फोन पर बातचीत की। नेतन्याहू ने कहा कि यह हमला गलती से हुआ, जिसमें एक गोला चर्च पर जा गिरा।
इजराइली सेना- गोले का टुकड़ा गलती से चर्च पर गिरा
नेतन्याहू ने कहा, "हर निर्दोष की जान का जाना भयानक नुकसान है।" इजराइली सेना IDF ने भी जांच के बाद कहा कि एक गोले का टुकड़ा गलती से चर्च पर गिरा। सेना का दावा है कि उसने नागरिकों और धार्मिक स्थलों को नुकसान से बचाने की पूरी कोशिश की।
इजराइली सेना ने कहा कि एक गोले का टुकड़ा गाजा सिटी में सैन्य कार्रवाई के दौरान गलती से चर्च पर गिर गया। इसकी जांच की जा रही है।
इजराइली सेना- गोले का टुकड़ा गलती से चर्च पर गिरा
नेतन्याहू ने कहा, "हर निर्दोष की जान का जाना भयानक नुकसान है।" इजराइली सेना IDF ने भी जांच के बाद कहा कि एक गोले का टुकड़ा गलती से चर्च पर गिरा। सेना का दावा है कि उसने नागरिकों और धार्मिक स्थलों को नुकसान से बचाने की पूरी कोशिश की।
इजराइली सेना ने कहा कि एक गोले का टुकड़ा गाजा सिटी में सैन्य कार्रवाई के दौरान गलती से चर्च पर गिर गया। इसकी जांच की जा रही है।
ट्रम्प- नेतन्याहू के बीच हमले को लेकर बातचीत
अमेरिका के व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने बताया कि ट्रम्प और नेतन्याहू के बीच इस हमले को लेकर तनावपूर्ण बातचीत हुई।
उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति को बताया कि कैथोलिक चर्च पर हमला करना इजराइलियों की एक भूल थी।"
इटली की PM बोली- ये हमले स्वीकार नहीं किए जाएंगे
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने गाजा में इजराइल के हालिया हमलों की कड़ी निंदा की है। मेलोनी ने एक्स पर लिखा, "इजराइल के गाजा में हमलों ने होली फैमिली चर्च को भी निशाना बनाया। महीनों से नागरिकों पर किए जा रहे ये हमले बर्दाश्त नहीं किए जा सकते। कोई भी सैन्य कार्रवाई इस व्यवहार को सही नहीं ठहरा सकती।"
मेलोनी ने मई में कहा था कि इजराइल को अपने सैन्य अभियानों में अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करना चाहिए।