भोपाल। नवीन वित्तीय वर्ष 2024 -25 के लिए एआइ तकनीक की मदद से बनाई गई कलेक्टर गाइडलाइन पर जिला मूल्यांकन समिति ने मुहर लगा दी है। इसमें एआइ आधारित गाइड लाइन को सही मानते हुए 22 आपत्तियों को खारिज कर दिया गया है। जबकि एक आपत्ति पर संज्ञान लेते हुए समिति ने दरों में त्रुटि सुधार किया है। इस तरह अब एक अप्रैल से जिले के एक हजार 443 स्थानों पर प्रापर्टी 20 से 45 प्रतिशत तक महंगी हो जाएगी। बता दें कि पंजीयन विभाग ने नई गाइडलाइन में एक हजार 443 स्थानों पर 7.19 प्रतिशत की औसत वृद्धि प्रस्तावित की है। प्रस्तावित गाइडलाइन को समिति ने केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड को भेज दिया गया है।
गलती से प्रस्तावित हो गईं थीं 40 करोड़ रुपये प्रति हेक्टेयर दरें
जिला मूल्यांकन समिति द्वारा नई कलेक्टर गाइडलाइन पर प्राप्त हुए दावे-आपत्तियों पर मंगलवार शाम छह बजे चर्चा की गई। जिसमें सभी आपत्तियों पर समिति ने जवाब दिया कि एआइ रिपोर्ट के आधार पर तैयार की गई गाइडलाइन एकदम सही है। उनके द्वारा आपत्ति में दर्शाए गए क्षेत्रों में वर्तमान में तय दरों से अधिक दरों पर रजिस्ट्रियां कराई गई हैं। इसी आधार पर प्रापर्टी की दरें बढ़ाई जा रही हैं। साथ ही तीन नंबर की आपत्ति अंकित जैन ने लगाते हुए बताया कि रतनपुर सड़क नर्मदापुरम मुख्य मार्ग पर 40 करोड़ रुपये प्रति हेक्टेयर प्रापर्टी की दरें प्रस्तावित कर दी हैं। इस पर समिति ने कहा कि टाइपिंग त्रुटि के कारण दरें बढ़ गई हैं। यहां पर किसी तरह की वृद्धि प्रस्तावित नहीं हैं। जिसे समीपवर्ती स्थान के समानरूप पांच करोड़ रुपये प्रति हेक्टेयर किया गया है।
22 कालोनियों के 33 स्थान पर पहली बार दरें प्रस्तावित
इस बार ऐसी करीब 22 कालानियों के 33 स्थान हैं जहां पहली बार दरों में वृद्धि की जाएगी। इन नई कालोनियों में 19 हजार से 21 हजार रुपये प्रति वर्गमीटर की दरें प्रस्तावित की गई हैं। जानकारों ने बताया कि पंजीयन विभाग ने कई स्थान पर खासतौर से नगरीय सीमा में आने वाली कृषि भूमि के दामों में 45 प्रतिशत तक बढ़ोतरी प्रस्तावित की है। सबसे अधिक दरें ग्राम दीपड़ी, कटारा और हिनौतिया आलम में की गई हैं। कटारा में करीब 45 प्रतिशत तक कृषि भूमि के बढ़े दाम प्रस्तावित किए गए हैं। खास बात यह है कि जहां भी दरें बढ़ाई गई हैं, वहां पर या तो फोर-सिक्सलेन का निर्माण होना है। इसके अलावा यहां तेजी से कालोनियां आकार ले रही हैं। राजधानी से लगे बैरसिया क्षेत्र को भी जमीनों को महंगा करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। बैरसिया में 10 से लेकर 20 फीसदी तक दरें बढ़ाई जा सकती हैं।
रहवासी और व्यवसायिक प्रापर्टी की दरें समान
कलेक्टर एवं जिला मूल्यांकन समिति के अध्यक्ष कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने प्रस्तावित गाइडलाइन को हरि झंडी दे दी है। अब इस पर केंद्रीय बोर्ड निर्णय लगाएगा। प्रस्तावित गाइडलाइन के अनुसार एमपी नगर में रहवासी और व्यावसायिक प्रापर्टी की दरें एक कर दी गई हैं। इसका कारण बताया गया है कि यहां पर रहवासी फ्लैट्स में भी सभी तरह की व्यावसायिक गतिविधियां होने लगी हैं। शहर में तीन हजार 100 स्थानों में से एक हजार 228 स्थानों पर औसत 8.9 प्रतिशत दरें बढ़ाना तय किया गया है। जबकि ग्रामीण क्षेत्र के 215 स्थानों पर 5.48 प्रतिशत दरें बढ़ाई जाएंगी। वहीं दो हजार 547 स्थानों पर किसी तरह की दरें नहीं बढ़ाई जा रही हैं।
इनका कहना है
नये वित्तीय वर्ष 2024-25 की कलेक्टर गाइडलाइन में जिले की तीन हजार 900 में से एक हजार 400 स्थान पर सात प्रतिशत प्रापर्टी की दरें बढ़ाया जाना प्रस्तावित है। इस प्रस्ताव पर आईं आपत्तियों का निराकरण कर केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड को भेज दिया गया है। एक अप्रैल से नई दरें लागू हो जाएंगी।
- स्वप्नेश शर्मा, जिला पंजीयक, भोपाल